कौन हैं अमन सैंगर? MIT ग्रेजुएट भारतीय मूल के युवा जिन्होंने Cursor को दिलाई 60 अरब डॉलर की पहचान

कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के तेजी से बढ़ते दौर में भारतीय मूल के युवा उद्यमी अमन सैंगर का नाम वैश्विक तकनीकी जगत में तेजी से चर्चा का विषय बन गया है। 25 वर्षीय अमन सैंगर AI कोडिंग स्टार्टअप Cursor के सह-संस्थापक हैं, जिसकी हालिया 60 अरब डॉलर की डील ने उन्हें दुनिया के सबसे युवा अरबपतियों में शामिल कर दिया है।

सैन फ्रांसिस्को स्थित Cursor की स्थापना वर्ष 2022 में MIT के चार छात्रों—माइकल ट्रुएल, सुआलेह आसिफ, आर्विड लुनेमार्क और अमन सैंगर—ने मिलकर की थी। कुछ ही वर्षों में यह कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस क्षेत्र की सबसे तेजी से बढ़ने वाली स्टार्टअप्स में शामिल हो गई। AI आधारित कोडिंग टूल्स और डेवलपर प्रोडक्टिविटी समाधान के कारण Cursor ने तकनीकी उद्योग में विशेष पहचान बनाई।

अमन सैंगर भारतीय प्रवासी परिवार से आते हैं। उनके पिता अरविंद सैंगर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) बॉम्बे के स्नातक हैं। इंजीनियरिंग की पढ़ाई के बाद उन्होंने अमेरिका में एमबीए किया और वित्तीय क्षेत्र में सफल करियर बनाया। बाद में उन्होंने Geosphere Capital नामक निवेश फर्म की स्थापना की। अमन की मां शिल्पा सैंगर एक प्रशिक्षित ऑर्थोडॉन्टिस्ट, उद्यमी और एंजेल निवेशक हैं, जिन्होंने स्वास्थ्य सेवा और स्टार्टअप निवेश के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

ऐसे वातावरण में पले-बढ़े अमन को बचपन से ही उद्यमिता, नवाचार और निवेश की समझ मिली। उन्होंने 2018 से 2022 तक मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) में कंप्यूटर साइंस की पढ़ाई की। पढ़ाई के साथ-साथ वे खेल गतिविधियों, विशेष रूप से स्क्वैश, में भी सक्रिय रहे।

MIT से स्नातक होने के तुरंत बाद अमन और उनके साथियों ने Cursor की शुरुआत की। कंपनी की तेज़ सफलता ने उन्हें तकनीकी जगत के उभरते सितारों में शामिल कर दिया। रिपोर्टों के अनुसार, अमन सैंगर की अनुमानित संपत्ति लगभग 1.3 अरब डॉलर है। कंपनी में उनकी 4.5 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जो अन्य सह-संस्थापकों के बराबर है।

अमन सैंगर की सफलता भारतीय मूल के युवाओं की वैश्विक तकनीकी नेतृत्व क्षमता का एक और उदाहरण है। उनकी कहानी यह दिखाती है कि शिक्षा, नवाचार और दृढ़ संकल्प के बल पर युवा उद्यमी वैश्विक स्तर पर असाधारण सफलता हासिल कर सकते हैं।